Intentar ORO - Gratis
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का दबदबा चरम स्तर पर
Business Standard - Hindi
|September 25, 2025
बाजार पूंजीकरण, मुनाफा और पूंजीगत व्यय में एआई कंपनियों का मौजूदा दबदबा टेक बबल के दौर से भी आगे निकल गया है। चर्चा कर रहे हैं आकाश प्रकाश
-
फिलहाल वैश्विक बाजार आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) की धुन पर नाच रहे हैं।
एआई की धमक चारों तरफ दिख रही है, चाहे आप तेजी पर भरोसा करते हुए शेयर बाजार में उतर गए हों या फिर किनारे रहकर बाजार में स्थिति सामान्य होने का इंतजार कर रहे हों। फिलहाल बाजार में तेजड़िये हावी हैं क्योंकि बाजार को लग रहा है कि एआई बड़े बदलाव लाने वाला है और आने वाला समय इसी का है। एआई तकनीक ही यह तय करेगी कि कंपनियों या देशों के स्तर पर भविष्य में कौन जीतेगा और कौन हारेगा।
एआई की ताकत में विश्वास रखने वाले आश्वस्त हैं कि एआई पश्चिम देशों की जनसांख्यिकी और वित्तीय चुनौतियों को दूर कर देगी। उत्पादकता बढ़ने से आर्थिक वृद्धि तेज होगी जिससे कर्ज के जाल में फंसे पश्चिमी देशों के ज्यादातर लोकतांत्रिक देशों की आर्थिक समस्या दूर हो जाएगी।
कर्मचारियों की, खासकर शुरुआती स्तर पर, कम जरूरत होने से पश्चिम देशों में जनसांख्यिकीय समस्या उतनी भयावह नहीं रह जाएगी। एआई कंपनियों के परिणामों के दायरे को भी व्यापक बनाएगा जिसमें मजबूत प्रदर्शन करने वाली आगे निकल जाएंगी और उनका कारोबार बढ़ता जाएगा जबकि कमजोर व्यवसाय से बाहर हो जाएंगी। अमेरिका को चीन की तरह एआई की दौड़ में एक विजेता के रूप में देखा जाता है। एआई कारोबार पूरे जोरों पर है फिर चाहे आप अमेरिकी बाजार के आंतरिक पहलुओं को देखें या चीन/कोरिया और ताइवान के बेहतर प्रदर्शन पर विचार करें। जहां तक भारत की बात है तो इसे एआई के मामले में अभी फिसड्डी समझा जा रहा है।
आगे सूरत कैसी रहेगी या एआई के दीर्घकालिक प्रभाव, समय और वास्तविक लाभों पर बहस की गुंजाइश हो सकती है मगर समय बीतने के बाद ही इसके वास्तविक असर का पता चलेगा। व्यापार एवं विषयगत चीजें वर्तमान में हर जगह मौजूद हैं। एआई बाजारों में अत्यधिक महत्त्व रखता है और बाजार पूंजीकरण, मुनाफा, कमाई और पूंजीगत व्यय के लिहाज से इसकी अहमियत सर्वकालिक उच्च स्तर पर पहुंच गई है।
Esta historia es de la edición September 25, 2025 de Business Standard - Hindi.
Suscríbete a Magzter GOLD para acceder a miles de historias premium seleccionadas y a más de 9000 revistas y periódicos.
¿Ya eres suscriptor? Iniciar sesión
MÁS HISTORIAS DE Business Standard - Hindi
Business Standard - Hindi
तेल कंपनियों को रसोई गैस पर 22,000 करोड़ रु. घाटा
रेटिंग एजेंसी क्रिसिल ने कहा कि फरवरी में युद्ध शुरू होने के बाद मार्च-मई 2026 के दौरान पश्चिम एशिया संकट के कारण भारतीय तेल विपणन कंपनियों (ओएमसी) को बाजार दरों से नीचे रसोई गैस (एलपीजी) बेचने पर 22,000 करोड़ रुपये का घाटा हुआ है।
1 min
June 20, 2026
Business Standard - Hindi
मई में कच्चे तेल के आयात पर हुआ 81.5 प्रतिशत ज्यादा खर्च
पश्चिम एशिया संकट के कारण ऊर्जा की कीमतें बढ़ीं और कच्चे तेल के आयात पर भारत का खर्च भी बहुत अधिक बढ़ गया। आंकड़ों के मुताबिक इस साल मई में पिछले साल मई के बराबर मात्रा में ही कच्चा तेल आयात किया गया मगर इस पर 81.5 फीसदी ज्यादा रकम खर्च करनी पड़ी।
2 mins
June 20, 2026
Business Standard - Hindi
अब तक 70 लाख रोजगार सृजित
प्रधानमंत्री ने पीएम-वीबीआरवाई में नौकरी पाने वाले कर्मियों और कंपनियों को जारी किए 2,400 करोड़ रुपये
2 mins
June 20, 2026
Business Standard - Hindi
जियो आईपीओ से सुधरेगी रिलायंस की रेटिंग!
इक्विटी बाजार के जानकारों का कहना है कि जियो प्लेटफॉर्म्स का अपने बहुप्रतीक्षित आईपीओ के लिए डीआरएचपी दाखिल करना भारतीय पूंजी बाजार के लिए एक अहम मोड़ है। इससे आगे चलकर उसकी पैतृक कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड (आरआईएल) के शेयर की रेटिंग में सुधार आ सकता है।
1 mins
June 20, 2026
Business Standard - Hindi
अवैध क्रिप्टो लेन-देन में 5 फर्मों के खिलाफ जांच
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने शुक्रवार को कहा कि उसने बेंगलूरु की पांच कंपनियों के खिलाफ फेमा के तहत जांच शुरू की है।
1 min
June 20, 2026
Business Standard - Hindi
छोटे एआई मॉडल से बढ़ रहा डीपफेक का बड़ा खतरा
उद्योग के अधिकारियों ने बताया कि धोखाधड़ी के कुछ मॉडल खास तौर पर डीपफेक के लिए तैयार किए गए थे और इन्हें ओपन-सोर्स मॉडल पर बनाया जा सकता है।
1 mins
June 20, 2026
Business Standard - Hindi
फेड के सख्त रुख से सोने में लगातार तीसरे सप्ताह गिरावट
शुक्रवार को सोने की कीमतों में कमजोरी आई। इस तरह इस धातु में लगातार तीसरे सप्ताह गिरावट दर्ज की गई है। गिरावट की वजह मजबूत अमेरिकी डॉलर और फेडरल रिजर्व का सख्त रुख है।
1 mins
June 20, 2026
Business Standard - Hindi
भ्रामक दावों पर खाद्य कंपनियों को दर्जनों नोटिस, सुधार के कदम उठाने के निर्देश
देश के खाद्य सुरक्षा नियामक भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआई) ने भ्रामक दावों, ब्रांडिंग और लेबलिंग उल्लंघनों तथा पैकेजिंग और स्वच्छता संबंधी चिंताओं पर कार्रवाई जारी रखते हुए खाद्य और पेय कंपनियों को दर्जन भर से अधिक नोटिस भेजे हैं।
1 min
June 20, 2026
Business Standard - Hindi
रिलायंस कंज्यूमर का लक्ष्य 1 लाख करोड़ रुपये राजस्व
रिलायंस कंज्यूमर प्रोडक्ट्स ने वित्त वर्ष 30 तक 1 लाख करोड़ रुपये के राजस्व तक पहुंचने की महत्वाकांक्षी योजना बनाई है।
2 mins
June 20, 2026
Business Standard - Hindi
फुटपाथ पर पैदल चलना मौलिक अधिकार
उच्चतम न्यायालय ने कहा कि फुटपाथ पर वाहनों के बजाय पैदल चलने वालों को दी जाएगी प्राथमिकता
2 mins
June 20, 2026
Listen
Translate
Change font size

