Religious-Spiritual
Jyotish Sagar
भरत जी की चित्रकूट यात्रा
श्रीरामचन्द्रजी पुनः सोच में पड़ गए कि भरत के आने का क्या कारण है? फिर किसी ने आकर कहा कि उनके पास में बड़ी भारी चतुरंगिणी सेना भी है।
1 min |
June 2020
Jyotish Sagar
संघर्षों से कामयाबी दिलाते हैं नीचभंग राजयोग
जन्मपत्रिका में ग्रह जिस राशि में नीच का है उस राशि में दूसरा कोई ग्रह उच्च का होकर स्थित हो, तो पहले ग्रह का नीचभंग हो जाता है। उदाहरण के लिए कर्क राशि में मंगल नीच का है, परन्तु वहाँ बृहस्पति उच्चराशिस्थ होकर स्थित हो, तो मंगल नीचभंग राजयोग बनाएगा।
1 min |
June 2020
Jyotish Sagar
कोरोना वायरस और ज्योतिष
इस लेख का प्रथम भाग ज्योतिष सागर' के अप्रैल अंक में तथा दूसरा भाग मई अंक में प्रकाशित हुआ है। उससे आगे यहाँ प्रस्तुत है।
1 min |
June 2020
Jyotish Sagar
भीमसेन एकादशी निर्जला एकादशी
एकादशी के व्रत करने से वर्षभर की सभी एकदशियों के पुण्य का फल मिलता है
1 min |
June 2020
Jyotish Sagar
कबीर का एक-एक वचन हजारों शास्त्रों का सार
(05 जून, 2020 संत कबीर जयन्ती)
1 min |
June 2020
Jyotish Sagar
'शनि की वापसी' कभी उन्नतिकारक कभी मृत्युकारक
ग्रहों की स्थिति का दो प्रकार से विश्लेषण किया जाता है। दोनों ही स्थितियों में इनसे मिलने वाले परिणामों की व्याख्या भी भिन्न-भिन्न प्रकार से की जाती है।
1 min |
June 2020
Jyotish Sagar
शनि निर्धारित करेंगे आप नौकरी करेंगे या कराएँगे
शिक्षा पूर्ण हो जाने के पश्चात् प्रत्येक व्यक्ति के मन में यह विचार जन्म लेता है कि व्यक्ति विशेष के लिए नौकरी करना सही रहेगा अथवा व्यवसाय करने से उसे अधिक सफलता मिलेगी? प्रत्येक व्यक्ति को अपना जीवन निर्वाह करने के लिए धन की आवश्यकता होती है। कोई व्यक्ति नौकरी करेगा अथवा किसी अन्य से कराएगा? यह जानने में ज्योतिष शास्त्र विशेष भूमिका निभा सकता है।
1 min |
May 2020
Jyotish Sagar
शनिदोष निवारण हेतु सरल एवं प्रभावी उपाय शनि ढैया एवं साढ़ेसाती निवारक पैकेज
इस पैकेज को किसी भी लग्न या राशि वाला व्यक्ति धारण किया जा सकता है। इससे किसी भी प्रकार के विपरीत परिणाम प्राप्त नहीं होते।
1 min |
May 2020
Jyotish Sagar
सही व्यापार की सही राह कुण्डली से जानें
आज जो व्यक्ति नौकरी में है, वह भी यह अवश्य जानना चाहता है कि उसके लिए कौन-सा व्यापार करना उत्तम रहेगा। भले ही व्यापार करने की स्थिति में वह न हो, परन्तु व्यापार का क्षेत्र जानने की जिज्ञासा हम सभी को जीवन के किसी न किसी मोड़ पर अवश्य रहती है ...
1 min |
May 2020
Jyotish Sagar
भगवान नृसिंह की उपासना से अभीष्ट सिद्धि
महर्षि पराशर ने अपने ग्रन्थ बृहत्प- म राशरहोराशास्त्र में भगवान् विष्णु के नृसिंह अवतार को पूर्णावतार कहा है। वे लिखते हैं कि राम, कृष्ण, नृसिंह और वराह ये चार पूर्ण अवतार हैं। इनसे भिन्न जो अवतार हैं, वे जीवांश से युक्त होते हैं :
1 min |
May 2020
Jyotish Sagar
कोरोना वायरस और ज्योतिष
इस लेख का प्रथम भाग २ ज्योतिष सागर' अप्रैल, 2020 अंक में प्रकाशित हुआ है, अब उससे आगे का भाग प्रस्तुत है।
1 min |
May 2020
Jyotish Sagar
'ज्योतिष सागर' ने दिए थे इस महासंकट के संकेत
कोविड-19 जनित वर्तमान महासंकट क्या अप्रत्याशित है? क्या ज्योतिर्विद इसका पूर्वाकलन नहीं कर पाए थे? क्या ग्रहों के संकेतों को समझने में ज्योतिर्विद असमर्थ रहे थे? इन सभी प्रश्नों के उत्तर 'न' में ही हैं।
1 min |
May 2020
Jyotish Sagar
नाभाजी का परिचय
नाभा जी के जीवन के सम्बन्ध में न तो उनकी रचनाओं से और न ही समकालिक ग्रन्थों से जानकारी मिलती है। प्रियादास जी ने ही सर्वप्रथम उनके सम्बन्ध में थोड़ा-बहुत लिखा है और उसी को आधार बनाकर बाद के टीकाकारों ने नाभाजी का जीवन परिचय दिया।
1 min |
May 2020
Jyotish Sagar
बुद्ध के गुणों का पावन संदेश
जो व्यक्ति बुद्ध होता है, वह सम्यक् जा सम्बोधि हासिल कर लेता है, वह अनन्त गुणों से भर जाता है। उसके गुणों का ध्यान करते-करते धर्म उजागर होने लगता है। ऐसे में बुद्ध के गुणों का वर्णन करने वाले एक-एक शब्द को समझना आवश्यक है। जो इस प्रकार हैं :
1 min |
May 2020
Jyotish Sagar
सपनों में इन्द्रियातीत ज्ञान !
प्राचीन काल से ही सपनों का रहस्यमय प्रा संसार मानव मन और मस्तिष्क को उद्वेलित करता रहा है। रहस्य के प्रति मनुष्य की उत्सुकता आदिकाल से रही है।
1 min |
April 2020
Jyotish Sagar
शनि की अष्टम ढैया का धोखा
शनि की साढ़ेसाती एवं ढैया ज्योतिष में काफी प्रचलित रही है और इन पर शोध भी होते रहे हैं। शनि सर्वाधिक समय एक ही राशि में रहते हैं, जिस कारण शनि का प्रभाव भी जातक पर अधिक रहता है।
1 min |
April 2020
Jyotish Sagar
ज्योतिष कैसे रोजमर्रा की जिंदगी में मददगार
जीवन के बारह भाव जीवन की बारह अवस्थाओं के प्रतीक हैं। पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि के साथ ही बालक का जन्म होता है। लग्न जिसे प्रथम भाव और अन्य अनेक नामों से सम्बोधित किया जाता है, से बालक के व्यक्तित्व, व्यवहार और रहन- सहन और जीवन शैली का विचार किया जाता है।
1 min |
April 2020
Jyotish Sagar
भक्तमाल के रचयिता
'भक्तमाल' में रचयिता का उल्लेख नहीं है। केवल एक स्थान पर 'नारायणदास' का उल्लेख मिलता है :
1 min |
April 2020
Jyotish Sagar
चामत्कारिक होते हैं रामचरितमानस के मन्त्र
वर्तमान समय में रामचरितमानस के मन्त्र व साधकगणों के लिए संजीवनी बूटी के समान हैं। साधारण पढ़ा-लिखा व्यक्ति भी इन मन्त्रों को सुनकर शीघ्र याद कर सकता है और इनका प्रयोग कर सकता है।
1 min |
April 2020
Jyotish Sagar
क्यों निष्फल हो जाते हैं शुभ योग?
क्यों निष्फल हो जाते हैं शुभ योग?
1 min |
April 2020
Jyotish Sagar
क्या है मानवीय चेतना का मूल स्वरूप ?
अपने तन और मन पर नियन्त्रण करने से संसार की भौतिक एवं अभौतिक वस्तुएँ आसानी से पा सकते हैं। संसार में सफलता उन लोगों को मिलती है, जो अपने तन और मन पर विजय प्राप्त करके समाज और संसार का मार्ग दर्शन करते हैं। जैसे; रामकृष्ण परमहंस, परमहंस योगानन्द, विशुद्धानन्द परमहंस, देवराह बाबा, अघोर पंथ के बाबा कीनाराम और स्वामी विवेकानन्द आदि।
1 min |
April 2020
Jyotish Sagar
कौन बनते हैं अंतरिक्ष वैज्ञानिक?
कौन बनते हैं अंतरिक्ष वैज्ञानिक?
1 min |
April 2020
Jyotish Sagar
कोरोना वायरस और ज्योतिष
'कोरोना वायरस डिजीज- 2019' (Coronavirus Disease-2019) जिसे संक्षेप में 'COVID-19' कहा जाता है, को विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने 'वैश्विक महामारी' घोषित किया है।
1 min |
April 2020
Jyotish Sagar
कब हुआ था श्रीराम का जन्म?
वाल्मीकि रामायण के आधार पर हिन्दू वा धर्म के अनुयायी चैत्र शुक्ल नवमी को मध्याह्न में भगवान् राम का जन्म होना मानते हैं, परन्तु प्रश्न यह उठता है कि वह दिन किस वर्ष का है, कौनसे युग का है और वर्तमान से कितने साल पूर्व श्रीराम का जन्म हुआ था।
1 min |
April 2020
Jyotish Sagar
अयोध्या में कैसा बनेगा राम लला का मन्दिर?
अयोध्या विवाद पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के पश्चात् भारत सरकार ने श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की स्थापना कर दी है। इसकी आरम्भिक बैठकें हो चुकी हैं। पदाधिकारियों का चयन हो चुका है। 20 फरवरी को हुई बैठक में महंत नृत्य गोपालदास को अध्यक्ष एवं चम्पत राय को महासचिव नियुक्त किया गया है।
1 min |
April 2020
Jyotish Sagar
स्वयं गंगा मैया करती है शिवलिंग का जलाभिषेक
स्वयं गंगा मैया करती है शिवलिंग का जलाभिषेक
1 min |
February 2020
Jyotish Sagar
सिंह लग्न के अष्टम भाव में स्थित सूर्य के फल
कैमें से करें सटीक फलादेश क श्रृंखला के अन्तर्गत लग्नानुसार विभिन्न भावों में ग्रहों के स्थित होने पर उनके भावगत, राशि एवं नक्षत्रगत, दृष्टिजन्य एवं युतिजन्य फलों का सोदाहरण विवेचन किया जा रहा है।
1 min |
February 2020
Jyotish Sagar
सागर की गोद में चला जाता है शिव मन्दिर
हिन्दू धर्म में 33 करोड़ देवी-देवताओं का उल्लेख है, जिसमें सबसे अधिक आराधना देवों के देव महादेव की ही होती है। इसी क्रम में हम बात कर रहे हैं गुजरात में स्थित एक अनोखे मन्दिर की।
1 min |
February 2020
Jyotish Sagar
होलिकोत्सव की पौराणिकता
होली का पर्व सौहार्द, सद्मिलन एवं समभाव का पर्व है, जो हजारों साल से भारत ही नहीं वरन् विश्व के अनेक देशों में सोल्लास मनाया जाता रहा है।
1 min |
March 2020
Jyotish Sagar
शिवतत्त्व विवेचना
भगवान् शिव अनादि, अनन्त एवं म अनश्वर देवता हैं, जिनकी आराधना प्राचीनकाल से ही विश्वव्यापी रही है । शिवोपासना भारतीय संस्कृति एवं आस्था का प्रमुख प्रेरणा स्रोत रही है । शिव शक्ति (ऊर्जा) का ही आदि रूप है ।
1 min |