कोशिश गोल्ड - मुक्त
भाजपा में जश्न विपक्ष में तकरार
DASTAKTIMES
|July 2022
भाजपा के लिए यह जश्न का बड़ा मौका है। फरवरी-मार्च में हुए विधानसभा चुनाव में भाजपा की बड़ी जीत और मुख्यमंत्री की सरकार के कामकाज पर अब मुहर लग गई है। सबसे बड़ी बात यह है कि उसकी बाहों में अब और भी ताकत आ जाएगी। मुख्यमंत्री योगी ने कहा है कि यह चुनाव पार्टी के लिए एक अच्छा संदेश लेकर आए हैं। उनका दावा है कि अब लोकसभा की सभी 80 सीटों पर भाजपा की जीत तय है। मुख्यमंत्री की बात में थोड़ी अतिशयोक्ति हो सकती है लेकिन उपचुनावों में इतनी बड़ी जीत के बाद उनका दावा बहुत दूर की कौड़ी नहीं है।
विधानसभा के आम चुनाव को अभी चार महीने भी नहीं हुए हैं कि एक बार फिर चुनावी गुणा-भाग लगने लगा है और यह मौका दिया है कि लोकसभा के उपचुनावों ने। उत्तर प्रदेश से लेकर पंजाब तक उपचुनावों के नतीजे इसलिए महत्वपूर्ण रहे कि उनके माथे पर बड़े उलटफेर की रेखाएं खिंच गई हैं। उत्तर प्रदेश की दो सीटों को सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी ने विपक्षी खेमे से छीन लिया है तो पंजाब में विधानसभा चुनाव में भारी जीत दर्ज करने वाली 'आप' चित्त हो गई है। उत्तर प्रदेश की दोनों लोकसभा सीटें- आजमगढ़ और रामपुर मुख्य विपक्षी दल- समाजवादी पार्टी का गढ़ थीं। रामपुर में कोई 52 फीसदी मुसलमान वोटर हैं जबकि आजमगढ़ में सपा का पसंदीदा यादव - मुसलमान गठजोड़ बहुत भारी रहा है। इस गठजोड़ का ही दम था कि मार्च में हुए विधानसभा चुनाव में आजमगढ़ जिले की सभी विधानसभा सीटें सपा ने जीत ली थीं। कुल तीन जिले ही प्रदेश में ऐसे थे जहां की सारी की सारी सीटें समाजवादी पार्टी की झोली में गई थीं, इनमें आजमगढ़ प्रमुख था। लेकिन सपा मुखिया अखिलेश यादव द्वारा खाली गई आजमगढ़ लोकसभा सीट पर भारतीय जनता पार्टी पिछले चुनाव की तुलना में कम वोट पाकर भी विजयी रही। आजमगढ़ में सपा की हार का मुख्य कारण वह चुनावी गणित था जो बसपा के प्रभावशाली प्रत्याशी गुड्डू जमाली के मैदान में उतरने से गड्डमगड्ड हुआ। बसपा प्रमुख मायावती कहती हैं कि केवल उनकी पार्टी में ही भाजपा को हराने का दम है लेकिन बात उलटी पड़ गई। दरअसल, आजमगढ़ में सपा की हार बसपा प्रत्याशी की उपस्थिति से हुई है। विजेता उम्मीदवार दिनेश लाल यादव को 3 लाख 12 हजार से अधिक तो दूसरे नम्बर पर रहे सपा के धर्मेन्द्र यादव को करीब 3 लाख 4 हजार वोट मिले। उल्लेखनीय बात यह थी कि बसपा उम्मीदवार को 2 लाख 66 हजार से ज्यादा वोट मिल गए जो सपा की हार का मुख्य कारण बना, तो भाजपा को बसपा की वजह से हार नहीं जीत मिली। मतलब साफ है बसप
यह कहानी DASTAKTIMES के July 2022 संस्करण से ली गई है।
हजारों चुनिंदा प्रीमियम कहानियों और 10,000 से अधिक पत्रिकाओं और समाचार पत्रों तक पहुंचने के लिए मैगज़्टर गोल्ड की सदस्यता लें।
क्या आप पहले से ही ग्राहक हैं? साइन इन करें
DASTAKTIMES से और कहानियाँ
DASTAKTIMES
क्या रंग लाएगा योगी का विकास मॉडल
अगले साल विधानसभा चुनाव होने वाले हैं।
8 mins
January 2026
DASTAKTIMES
हेमंत का मास्टर स्ट्रोक झारखंड में 'पेसा' को मंजूरी
लंबी जद्दोजहद के बाद आखिरकार झारखंड कैबिनेट ने पेसा (PESA) नियमावली को मंजूरी दे दी है।
5 mins
January 2026
DASTAKTIMES
खिड़की जो बंद हो गई!
दीवार में एक खिड़की रहती थी। वह जागती आंखों में सपने बुनती थी।
6 mins
January 2026
DASTAKTIMES
अब तक हजारों शिकायतें निस्तारित
यह बेहद सूझबूझ वाला अभिनव कदम है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के इस नए प्रयोग का मकसद शासन-प्रशासन को सीधे जनता के बीच ले जाना है ताकि दूरस्थ और सीमांत क्षेत्रों के लोगों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें।
2 mins
January 2026
DASTAKTIMES
एक सदी औरतों के नाम
इसे ऐतिहासिक घटना के रुप में क्यों न देखें हम
5 mins
January 2026
DASTAKTIMES
गांव-गांव चली धामी सरकार
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में जन-जन के द्वार 'अभियान से लिखा जा रहा सुशासन का नया अध्याय
6 mins
January 2026
DASTAKTIMES
मासूम तानाशाह
किम जू ऐ की कुमसुसान समाधि स्थल की पहली सार्वजनिक यात्रा ने संकेत दिए कि वह उत्तर कोरिया की बन सकती हैं अगली उत्तराधिकारी
10 mins
January 2026
DASTAKTIMES
पर्वतीय विकास और चारधाम कनेक्टिविटी का नया अध्याय
उत्तराखंड, जिसे देवभूमि के नाम से जाना जाता है, अपनी आध्यात्मिक पहचान, प्राकृतिक सौंदर्य और सामरिक महत्व के लिए देश-दुनिया में जाना जाता है।
7 mins
January 2026
DASTAKTIMES
बिहार के लिए नबीन के मायने
बीजेपी राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बनने के बाद नितिन नबीन की 23 दिसंबर की पहली बिहार यात्रा औपचारिक रूप से सम्मान समारोह के रूप में प्रस्तुत की गई। लेकिन राजनीतिक तौर पर यह एक सोचा-समझा कदम था जिसका मकसद उनकी सोच, संगठन की प्राथमिकताओं, नेतृत्व शैली और राजनीतिक मिज़ाज को दिखाना था। पटना हवाई अड्डे से लेकर मिलर स्कूल मैदान तक, जहां सम्मान समारोह आयोजित किया गया था, हर दृश्य संतुलित था, उत्सव था, लेकिन शोर-शराबा नहीं, प्रमुखता थी, लेकिन आत्मप्रदर्शन नहीं।
2 mins
January 2026
DASTAKTIMES
राम कृपा नासहिं सब रोगा
प्रत्येक मानव के भीतर परमात्मा की अखण्ड सत्ता विद्यमान है और वही सारी शक्ति, आनन्द, ज्ञान और प्रेम का स्रोत है। भोजन से शक्ति, धन से सुख, पुस्तकों से ज्ञान और सम्बन्धियों से अपनत्व मानना ही इस सत्ता का निरादर एवं पाप है जिसका परिणाम रोग, वियोग, मलिनता और आवागमन है। श्रीमानस में दुःख को पाप का परिणाम कहा गया है।
2 mins
January 2026
Translate
Change font size
