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भांग की खेती

Farm and Food

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July Second 2024

भारत में भांग के अपनेआप पैदा हुए पौधे तो हर तरह में सभी तरह की जलवायु की मिट्टी में सब जगह पाए जाते हैं. वैसे, भांग विशेषकर कुमाऊं, गढ़वाल, हिमाचल प्रदेश, उत्तर प्रदेश, बिहार एवं पश्चिम बंगाल में प्रचुरता से पाया जाता है.

- हरीश चंद्र पांडे

भांग की खेती

भांग का वानस्पतिक नाम 'कानाबीस इंडिका' है. यह एक प्रकार का पौधा है, जिस की पत्तियों को पीस कर भांग तैयार की जाती है. कहीं कहीं इसे गनरा भांग, बण भांग, जंगली भांग भी कहते हैं. यह हिमालय के उत्तरपूर्व जनपदों में उगाई जाती है.

भांग की खेती प्राचीन समय में 'पणि' कहे जाने वाले लोगों द्वारा की जाती थी. उत्तर भारत में घरघर में इस का प्रयोग बहुतायत से स्वास्थ्य लाभ के लिए जैसे कि बदन के दर्द को दूर करने और अन्य दवाओं के लिए किया जाता है.

पिछले दिनों हम लोग एक ऐसी ही उपयोगी वनस्पति से रूबरू हुए, जो कि मादक पौधा माना जाता है. पर है तो एक बहुपयोगी पौधा ही. इस का नाम है भांग.

बस में बहुत भीड़ थी और सब पसीनेपसीने हो रहे थे कि एक जगह बस रुकी, तो एक सवारी ने सड़क पर से भांग का पौधा देख उस की पत्तियां बस में रख दीं. पूरी बस में महक फैल गई और 2-3 मिनट में सब लोग जो पहले पसीने की गंध से बेचैन हो रहे थे, वे सभी तरोताजा हो कर गपशप करने लगे.

Farm and Food

यह कहानी Farm and Food के July Second 2024 संस्करण से ली गई है।

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