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उत्साह एवं उमंग का त्यौहार बैसारवी
Sadhana Path
|April 2024
बैसारवी के दिन पंज प्यारों का रूप धारण कर इनका स्मरण किया जाता है। इस दिन पंजाब का परंपरागत नृत्य भांगड़ा और गिद्दा किया जाता है। उत्तर भारत में बैसारवी को अलग-अलग तरह से मनाया जाता है।
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भारत भिन्न त्यौहारों व परंपराओं वाला देश है। यहां प्रत्येक राज्यों में अलग-अलग त्यौहार अपने रंग-ढंग से बड़े ही उत्साह व उमंग के साथ मनाने का विधान है। इसी तरह बैसाखी का पर्व भी बड़े उल्लास के साथ मनाया जाता है। धार्मिक शास्त्रों में बैसाखी का महत्व बताया गया है। पंचांग के अनुसार, हर वर्ष मेष संक्रांति पर बैसाखी का त्यौहार मनाया जाता है। बैसाखी का पर्व विशेषतौर पर किसानों को समर्पित होता है। इसलिए इसका खासा उत्साह पंजाब, हरियाणा, राजस्थान में देखने को मिलता है। बैसाखी का त्यौहार खुशहाली व समृद्धि का त्यौहार है। इसे विभिन्न राज्यों में अलग-अलग नाम से जाना जाता है। तो चलिए जानते हैं इस बार बैसाखी का पर्व कब है और इसका महत्व क्या है।
कब है बैसाखी 2024
Esta historia es de la edición April 2024 de Sadhana Path.
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