Intentar ORO - Gratis
कला शिक्षा की बुनियाद
Shaikshanik Sandarbh
|January - February 2022
“बच्चे की कला में सबसे सुन्दर उसकी ‘गलतियाँ होती हैं। जितनी अधिक मात्रा में ये गलतियाँ होती हैं, उतना ही आकर्षक उसका काम होता है। जितना ही उसका शिक्षक उन्हें हटाने की कोशिश करता है, उतना ही बच्चे का काम फीका, निर्धन और व्यक्तित्वहीन हो जाता है।" - फ्रांज़ सिज़ेक
केवल सयानों के नज़रिए से बच्चों की शिक्षा-व्यवस्था को नहीं देखना चाहिए क्योंकि शिक्षा पाने वाला तो बालक है, सयाना नहीं। है बच्चे की दृष्टि बड़ों की दृष्टि से काफी अलग होती है - इस तथ्य का ध्यान रखना ज़रूरी है। अगर बच्चा कुछ पसन्द करता है तो वह केवल आनन्द, सन्तोष, , मान्यता और अनुमोदन पाने के लिए। उसका मन इस भावना से परिपूर्ण होता है कि जो काम तुम कर &
Esta historia es de la edición January - February 2022 de Shaikshanik Sandarbh.
Suscríbete a Magzter GOLD para acceder a miles de historias premium seleccionadas y a más de 9000 revistas y periódicos.
¿Ya eres suscriptor? Iniciar sesión
MÁS HISTORIAS DE Shaikshanik Sandarbh
Shaikshanik Sandarbh
हँसाते - रुलाते, रिश्ते - नाते
किशोरावस्था में लड़के अनेक शारीरिक व भावनात्मक बदलावों से गुजर रहे होते हैं। पितृसत्तात्मक सामाजिक ताने-बाने में अक्सर इन बदलावों पर खुलकर बातचीत कर पाना और एक स्वस्थ नज़रिया विकसित कर पाना सम्भव नहीं होता। इसी कमी को ध्यान में रखकर एकलव्य ने बेटा करे सवाल किताब विकसित की है जिसके अलग-अलग अध्यायों में किशोरावस्था के विभिन्न आयामों व उनके सामाजिक-सांस्कृतिक, शारीरिक व भावनात्मक पहलुओं की चर्चा की गई है। आइए, पढ़ते हैं इस किताब का एक महत्वपूर्ण हिस्सा।
1 min
March - April 2022
Shaikshanik Sandarbh
हिन्दी भाषा का साहित्यिक सफर!
संदर्भ के अंक-136 में टी. विजयेंद्र का लेख हिन्दी हाज़िर है पढ़ा।
1 min
March - April 2022
Shaikshanik Sandarbh
जेंडर की जकड़न को तोड़ती कहानियाँ
बच्चों के साथ बातचीत
1 min
March - April 2022
Shaikshanik Sandarbh
पुवितम में विज्ञान : ज़िन्दगी से सीखना
तमिल में पुवितम का मतलब 'धरती से प्रेम' होता है। पुवितम गतिविधि केन्द्र में बच्चे अपने आसपास के माहौल में सहजता से अवलोकन करना, खोजबीन करना और काम करना सीखते हैं। यह पद्धति विज्ञान सीखने पर किस तरह असर करती है? और शिक्षक इस प्रक्रिया में क्या भूमिका निभाते हैं?
1 min
March - April 2022
Shaikshanik Sandarbh
रसोई में चिड़ियाघर
उन दिनों मैं पहले दर्जे में था। स्कूल से लौटकर अक्सर अपने चाचा के घर जाया करता था। उनका घर हमारे मुहल्ले ही में था। वे अकेले रहते थे। घर का सारा काम खुद करते थे। उनकी मेज़ किताबों और कागज़ों से इतनी लदी रहती थी कि देखकर लगता था, मानो अभी ढह जाएगी! लेकिन ऐसा हुआ कभी नहीं क्योंकि मेज़ के पाए किसी हाथी के बच्चे की टाँगों जितने मोटे और मज़बूत थे।
1 min
March - April 2022
Shaikshanik Sandarbh
बल्ब जलाओ जगमग-जगमग
"देखो... मैं आज गणित में तड़ी मारने वाला हूँ।” भागचन्द्र ने गली के मोड़ पर इसरार और नारंगी से कहा।
1 min
March - April 2022
Shaikshanik Sandarbh
अजगर बिलों में सेही के साथ शान्ति से रहते हैं
अदिति मुखर्जी यहाँ अजगर तथा सेही, जिनके बीच अक्सर एक शिकारी और शिकार का सम्बन्ध होता है, के एक ही बिल में शान्ति से साथ-साथ रहने के अपने अध्ययन के बारे में बता रही हैं।
1 min
March - April 2022
Shaikshanik Sandarbh
फ्यूज़ बल्ब का कमाल
पुस्तक अंश - खोजबीन
1 min
July - August 2021
Shaikshanik Sandarbh
संख्याएँ कितनी वास्तविक एवं कितनी काल्पनिक?
शिक्षकों की कलम से
1 min
July - August 2021
Shaikshanik Sandarbh
बड़े काम के हैं भाषा के काम
शिक्षकों की कलम से
1 min
July - August 2021
Translate
Change font size

