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अगले संकेत के लिए नजरिया ज्यादा सकारात्मक
Business Standard - Hindi
|October 06, 2025
भारतीय शेयर बाजारों के लिए 2025-26 की पहली छमाही चुनौतीपूर्ण रही है। आदित्य बिड़ला सन लाइफ ऐसेट मैनेजमेंट कंपनी के मुख्य निवेश अधिकारी महेश पाटिल ने पुनीत वाधवा को ईमेल के जरिये दिए साक्षात्कार में बताया कि अगले संवत के लिए दृष्टिकोण अधिक सकारात्मक दिख रहा है क्योंकि कई प्रतिकूल परिस्थितियां धीरे-धीरे अनुकूल परिस्थितियों में बदल रही हैं। संपादित अंशः
क्या आपको लगता है कि भारतीय इक्विटी में तेजी का दौर समाप्त हो रहा है क्योंकि उन्हें अमेरिकी टैरिफ, सुस्त आय और उच्च मूल्यांकन से चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है ?
पिछले साल सुस्त आय, व्यापार शुल्क, भू-राजनीतिक जोखिम और प्रतिबंधात्मक मौद्रिक नीति को देखते हुए तेजी के रुझान को लेकर निश्चित रूप से संदेह पैदा हुए थे। भारतीय बाजारों ने वैश्विक और उभरते बाजारों दोनों के मुकाबले कमजोर प्रदर्शन किया और मूल्यांकन बढ़ा हुआ लग रहा था। हालांकि इनमें से ज़्यादातर बाधाएं अब कम हो रही हैं और बाजार एक बेहतर दौर में प्रवेश कर रहा है। अगले 12 महीनों में हमारा अनुमान है कि आय वृद्धि 10 से 12 फीसदी की नॉमिनल सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) वृद्धि के साथ और भी बेहतर तालमेल बिठाएगी। अगले संवत के लिए दृष्टिकोण ज़्यादा सकारात्मक है क्योंकि पहले की कई बाधाएं धीरे-धीरे सहारा बन रही हैं।
क्या बाजार आर्थिक फंडामेंटल से आगे निकल गया है ?
Bu hikaye Business Standard - Hindi dergisinin October 06, 2025 baskısından alınmıştır.
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