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जब राधा जी ने दी श्रीकृष्ण को चुनौती!

Jyotish Sagar

|

September 2023

जब भक्त को अपने भगवान् के सिवाय और कुछ नहीं दिखाई देता, जब उसे अपने भगवान् से इतना प्रेम हो जाता है कि उसे अपना भी भान नहीं रहता कि वह कौन है? तब वह अपने असली स्वरूप को ही भूल जाता है। ऐसा ही एक बार राधा जी के साथ भी हुआ।

जब राधा जी ने दी श्रीकृष्ण को चुनौती!

प्रचलित कथा के अनुसार, एक बार श्रीराधा जी ने भगवान् श्रीकृष्ण से कहा, “कोई भी गोपी तुम्हें मेरे समान प्रेम नहीं कर सकती।” तब श्रीकृष्ण समझ गए कि राधा जी उनके प्रेम में अपने वास्तविक स्वरूप को ही भूल गयी हैं। श्रीकृष्ण ने राधा जी से कहा कि सभी गोपियाँ मुझे तुम्हारे समान ही प्रेम करती हैं। यह सुनकर राधा जी को क्रोध आ गया। उन्होंने श्रीकृष्ण को चुनौती दे डाली। उन्होंने कृष्ण जी के चारों तरफ एक रेखा खींचकर कहा कि “तुम मुरली बजाओ और मुरली की आवाज सुनकर जो भी गोपी तुम्हें मेरे समान प्रेम करती होगी, केवल वही इस रेखा के अन्दर आ सकेगी, नहीं तो इस रेखा को छूते ही वह भस्म हो जाएगी।”

श्रीकृष्ण जी ने कहा, "ठीक है!” उन्होंने मुरली बजाना शुरू किया। उनके मुरली बजाते ही सभी गोपियाँ अपना काम छोड़कर उनकी ओर खिंची चली आयीं। सभी गोपियाँ उस रेखा के पास पहुँची। श्री राधिका जी ने देखा कि सभी गोपियाँ उस रेखा के अन्दर आ गयीं और किसी को भी कुछ नहीं हुआ। सभी गोपियाँ भगवान् को प्रेम से एकटक देख रही थीं। उन्हें अपने शरीर की सुध-बुध ही नहीं थी।

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