Facebook Pixel विश्लेषण • आज हमारे सामने कई बड़ी चुनौतियां हैं हमें अपने संस्थानों को मजबूत बनाने पर ध्यान देना होगा | Dainik Bhaskar Satna - newspaper - इस कहानी को Magzter.com पर पढ़ें

कोशिश गोल्ड - मुक्त

विश्लेषण • आज हमारे सामने कई बड़ी चुनौतियां हैं हमें अपने संस्थानों को मजबूत बनाने पर ध्यान देना होगा

Dainik Bhaskar Satna

|

October 04, 2025

जीएसटी दरों में कटौती के बाद पिछले सप्ताह कई बड़े औद्योगिक संगठनों और व्यवसाय समूहों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को धन्यवाद देते हुए मीडिया में पूरे पेज के विज्ञापन जारी किए। हरेक विज्ञापन में प्रधानमंत्री की बड़ी-सी तस्वीर थी। इससे कुछ ही दिन पहले 19 सितंबर को भी व्यवसाय घरानों और व्यापार संगठनों ने ऐसे ही विज्ञापन देकर पीएम को 75वें जन्मदिन की बधाई दी थी। देखें तो यह सब ठीक ही है। भाजपा शासित राज्यों- खासकर यूपी के पास बुनियादी ढांचे, मैन्युफैक्चरिंग और सेवा क्षेत्र की महत्वाकांक्षी योजनाएं हैं। वो तेजी से विदेशी निवेश आकर्षित कर रहे हैं। इसमें प्रधानमंत्री मोदी की भूमिका केंद्र में बैठे ऐसे दूरद्रष्टा प्रशासक की है, जो हर राज्य को घरेलू और विदेशी निवेश के लिए प्रोत्साहित करते हैं।

लेकिन इस सब के बीच इंदिरा गांधी जैसे पर्सनैलिटी कल्ट के निर्मित होने का जोखिम भी है। 1974-75 में इंदिरा गांधी के साथ ऐसा ही हुआ था। तत्कालीन कांग्रेस अध्यक्ष डीके बरुआ ने तो तब यह नारा भी दे दिया था कि 'इंडिया इज इंदिरा एंड इंदिरा इज इंडिया।' भले ही भाजपा में अभी तक किसी ने ऐसा नारा नहीं दिया, लेकिन प्रधानमंत्री को सुनिश्चित करना होगा कि भविष्य में भी कोई ऐसा नहीं कह पाए।

एक सफल देश व्यक्ति-पूजा नहीं, अपने सशक्त संस्थानों से संचालित होता है। मोदी भी इस बात को समझते हैं। 2019 के लोकसभा चुनाव से पहले उन्होंने पीएमओ और सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय को निर्देश दिया था कि सभी सार्वजनिक संदर्भों में उनके लिए 'माननीय प्रधानमंत्री' शब्द को हटा दिया जाए। तभी से केंद्र के सभी संवादों में मोदी के लिए महज 'प्रधानमंत्री' शब्द ही काम में लिया जाता है। लेकिन निजी व्यापारिक घरानों और औद्योगिक संगठनों पर यह लागू नहीं होता। उनके लिए तो मोदी अभी भी 'माननीय प्रधानमंत्री मोदी जी’ ही हैं। उनके सभी विज्ञापनों में ये शब्द शामिल थे।

Dainik Bhaskar Satna

यह कहानी Dainik Bhaskar Satna के October 04, 2025 संस्करण से ली गई है।

हजारों चुनिंदा प्रीमियम कहानियों और 10,000 से अधिक पत्रिकाओं और समाचार पत्रों तक पहुंचने के लिए मैगज़्टर गोल्ड की सदस्यता लें।

क्या आप पहले से ही ग्राहक हैं?

Dainik Bhaskar Satna से और कहानियाँ

Dainik Bhaskar Satna

मणिपुर में ऑपरेशन क्लीन: नक्सलियों से लोहा ले चुके कोबरा कमांडो तैनात

20 उग्रवादी समूहों के खिलाफ अभियान शुरू होगा

time to read

1 mins

June 22, 2026

Dainik Bhaskar Satna

तमिलनाडु: जलकुंभी से हैंडीक्राफ्ट बनाया, 126 किमी नदी फिर बहने लगी

तमिलनाडु के तुथुकुडी जिले में 40 महिलाओं ने नदी-तालाबों को खत्म कर रही जलकुंभी से हैंडीक्राफ्ट बनाया। इससे 126 किमी लंबी तामिरबरणी नदी में फिर बहाव आ गया है। अब कई सारे तालाब जलकुंभी मुक्त हो गए हैं।

time to read

1 min

June 22, 2026

Dainik Bhaskar Satna

कफ सिरप बिना पर्ची नहीं बिकेंगे, इससे दवा कंपनियों की ग्रोथ घटने का अनुमान

केंद्र ने 17 जून से सभी सिरप, खास तौर पर कफ सिरप, की ‘ओवर-द-काउंटर' बिक्री पर रोक लगा दी है।

time to read

1 min

June 22, 2026

Dainik Bhaskar Satna

दामोदरन ने चेताया... डॉट कॉम क्रैश से खतरनाक हो सकता है एआई बबल

वैल्यूएशन अलर्ट: कॉरपोरेट इतिहास के सबसे बड़े खर्च की कीमत पर खड़ा हो रहा एआई बूम, करेक्शन आया तो संभलना नामुमकिन

time to read

1 min

June 22, 2026

Dainik Bhaskar Satna

सुधर जाओ, वरना फिर हमले: ट्रम्प वो गरजते हैं, हम बरसते हैं : ईरान

शांति फिर खतरे में • लेबनान पर हमले के विरोध में ईरान ने शांति वार्ता बीच में छोड़ी

time to read

1 min

June 22, 2026

Dainik Bhaskar Satna

कर्नाटक : 300 प्रजातियों का कटहल बैंक बनाया, अब किसानों को बांट रहे

कर्नाटक के शिवमोगा के बेलूर में 73 साल के किसान बीटी नरेंद्र ने कटहल की 300 प्रजातियों का बैंक तैयार किया है। साढ़े 4 एकड़ में फैले उनके बगीचे में अभी 680 पेड़ हैं।

time to read

1 min

June 22, 2026

Dainik Bhaskar Satna

भारत की पहली हार; अफ्रीकी गेंदबाज ने सबसे तेज गेंदें फेंकीं

विमंस वर्ल्ड कप : 6 विकेट से जीता द. अफ्रीका

time to read

1 min

June 22, 2026

Dainik Bhaskar Satna

सिंहस्थ में नहीं चलेगी पंडे-पुजारियों की 'नो-नो' और ड्राइवरों की 'मनमानी'; दुनियाभर से आए श्रद्धालुओं से सब मुस्कुराकर बोलेंगे- 'जय श्री महाकाल'

सिंहस्थ-2028 में शिप्रा के घाट और टेंट सिटी ही नहीं चमकेंगे, उज्जैन के लोगों का व्यवहार भी बदला-बदला नजर आएगा। अब श्रद्धालुओं को पंडों/ पुजारियों के रूखे व्यवहार और ऑटो- टैक्सी ड्राइवरों की मनमानी नहीं झेलनी पड़ेगी।

time to read

1 min

June 22, 2026

Dainik Bhaskar Satna

विदेश से लौट रहे हाई-स्किल्ड भारतीय, यहां कंपनियां खोल रहे

भारत दुनिया का सबसे बड़ा टैलेंट हब है। हम दुनिया को सबसे ज्यादा हाई स्किल्ड प्रोफेशनल्स देते हैं, लेकिन अब हालात बदल रहे हैं। भारत से टैलेंट बाहर तो जा रहा है, लेकिन तेजी से लौट भी रहा है। यह भारतीय टैलेंट यहां नौकरियों की तलाश नहीं कर रहा, बल्कि वे कंपनियां खड़ी कर रहे हैं।

time to read

1 min

June 22, 2026

Dainik Bhaskar Satna

गुजरात: 75 साल के चूनाभाई ने अकेले ही खोद डाला 90 फीट गहरा कुआं

एक और माझी ... ये हैं गुजरात के साबरकांठा जिले के पोशीना के खंढोला गांव के 75 साल के आदिवासी बुजुर्ग चूनाभाई लखमाभाई अंगारी। ये गांव में पानी की किल्लत से इतने परेशान हुए कि अकेले ही 90 फीट गहरा कुआं खोद डाला।

time to read

1 min

June 22, 2026

Listen

Translate

Share

-
+

Change font size