Essayer OR - Gratuit
औनलाइन एजुकेशन शिक्षा का बेड़ा गर्क करते अनसर्टिफाइड टीचर्स
Mukta
|December 2023
‘खान सर' से ले कर 'फिजिक्स वाला' औनलाइन क्लासेस के नाम पर स्टूडेंट्स को कूड़ा परोस रहे हैं, न लैंग्वेज सधी है न पढ़ाई के दौरान एग्जांपल सधे हुए रहते हैं. 'सोशल मीडिया पर जो दिखता है वह बिकता है की तर्ज पर सिर्फ सोशल मीडिया पर वायरल और पौपुलर होना इन का लक्ष्य बना हुआ है.
कोरोना के कारण देश में शिक्षा लगभग बंद हो चुकी थी. स्कूल, कालेज, इंस्टिट्यूट्स हर जगह ताला लगा हुआ था. ऐसे में शिक्षा को जारी रखने के लिए औनलाइन एजुकेशन एक होप की तरह सामने आई. इस से पूरे तौर पर तो नहीं लेकिन कुछ हद तक स्कूल और कालेजों की शिक्षा जारी रही.
गूगल मीट, यूट्यूब, स्काइप और जूम के माध्यम से क्लासें ली जा रही थीं व्हाट्सऐप ग्रुप, टैलिग्राम चैनल के माध्यम से शिक्षा सामग्री शेयर की जा रही थी, जिस का असर यह हुआ कि लोग पारंपरिक फेसटूफेस शिक्षा से औनलाइन शिक्षा की तरफ बढ़ने लगे. कोविड से अलग इस की कुछ खास वजह भी थी.
इंटरनैट की बढ़ती पहुंच के साथसाथ औनलाइन शिक्षा देश के हर कोने में पहुंच रही थी, दूरदराज के इलाकों के विद्यार्थियों का दिल्ली, कोटा के संस्थानों तक आना मुश्किल था, उस वक्त वे घर से ही अपनी पढ़ाई जारी रखे हुए थे.
फायदा या नुकसान का सौदा
औनलाइन एजुकेशन के अगर फायदे थे तो नुकसान उस से बढ़ कर निकलने लगे. औनलाइन शिक्षा के माध्यमों में जो पठन सामग्री बनाई गई और भेजी गई, वह केवल जल्दबाजी में तैयार की गई सामग्री थी.
बायजूस, अरबन प्रो, अनअकेडमी और वेदांतु जैसे औनलाइन प्लेटफौर्म्स किसी को भी शिक्षक बना कर खड़ा कर दे रहे थे. बिना नियमकानूनों के शिक्षा दी जाने लगी. कोनेकोने में शिक्षा पहुंच तो रही थी लेकिन असभ्य और अशुद्ध तरीके से बिना नियमकानून के आज शिक्षा का स्तर दिनबदिन गिरता जा रहा है, जिस में औनलाइन शिक्षा का बड़ा हाथ है.
किताबों का महत्त्व कम होता जा रहा है. युवा औडियोवीडियो के अलावा कुछ देखना और सुनना ही नहीं चाहते दिन के 2 से 3 घंटे मोबाइल को देने वाले युवा सारा दिन स्क्रीन को दे रहे हैं, जिस से स्वास्थ्य समस्याएं पैदा हो रही हैं.
इस से आखों में दर्द, नजरों का कमजोर होना और माइग्रेन जैसी समस्याएं पैदा हो जाती हैं. क्लास और आसपास के माहौल से तालमेल बैठाने की कोशिश से पैदा होने वाली एंजायटी युवाओं को मानसिक रोगी बना रही है. शारीरिक इनऐक्टिविटी आलस और बीमारियों को निमंत्रण दे रही है.
Cette histoire est tirée de l'édition December 2023 de Mukta.
Abonnez-vous à Magzter GOLD pour accéder à des milliers d'histoires premium sélectionnées et à plus de 9 000 magazines et journaux.
Déjà abonné ? Se connecter
PLUS D'HISTOIRES DE Mukta
Mukta
केबीसी वाले बच्चे की इतनी बुरी ट्रोलिंग क्यों
सोशल मीडिया में एक बच्चे को खूब ट्रोल किया गया.
1 mins
November 2025
Mukta
डिजिटल देह व्यापार औनलाइन ठगी की मार
सोशल मीडिया पर लोगों को सैक्स ट्रैप में फंसाया जा रहा है. ऐसा करने वाले चैट या डेटिंग एप्स हर तरह के रील्स, पोस्ट, टूल का इस्तेमाल कर रहे हैं. डिजिटल ठगी का यह नया मौडल तेजी से पांव पसार रहा है.
3 mins
November 2025
Mukta
भविष्य स्मार्ट शरीर बीमार
आज इंसान डिजिटल युग में जी रहा है, उस की आंखें असली दुनिया से दूर जा रही हैं. हर हाथ में स्मार्टफोन है लेकिन मन में बढ़ती थकान और तनाव. बच्चे खेल के मैदान छोड़ कर मोबाइल की स्क्रीन में कैद हैं.
3 mins
November 2025
Mukta
फ्रैंक के नाम पर कुछ भी
इंस्टाग्राम पर एक इन्फ्लुएंसर है जो पब्लिक प्रैंक करता है. पब्लिक प्रैंक के नाम पर वह आम गरीब लोगों को परेशान ज्यादा करता है. उस की वीडियो से हंसी कम आती है बल्कि चिड़चिड़ाहट ज्यादा महसूस होती है.
1 mins
November 2025
Mukta
इंटेस्टिंग फैक्ट्स
पेंगुइन धरती के सब से प्यारे जीवों में से एक है. जब कोई मेल पेंगुइन किसी फीमेल पेंगुइन को पसंद करता है तो वह उसे एक खूबसूरत पत्थर यानी स्टोन गिफ्ट करता है.
1 mins
November 2025
Mukta
बोल्ड स्पाइसी आधेअधूरे कपड़ों की तरह प्रिया का प्रोफैशन
इंस्टाग्राम पर प्रिया ब्लू टिक वाली इन्फ्लुएंसर है. उस का पेज 'द वाइल्ड इंडियन गर्ल' नाम से है. अच्छेखासे फौलोअर्स प्रिया ने बना लिए हैं. मात्र 1100 पोस्ट व रील्स में उस ने 2 लाख से ज्यादा फौलोअर्स पा लिए हैं. प्रिया खुद को ट्रैवल लाइफस्टाइल मौडल बताती है. यह थोड़ा अटपटा प्रोफैशन है. न तो वह पूरी ट्रैवलर है न पूरी मौडल है.
1 mins
November 2025
Mukta
लड़के भी बनें कुकिंग एक्सपर्ट
पहले लगता था कि खाना बनाना सिर्फ लड़कियों का काम है लेकिन अब बौयज भी किचन में एक्सपैरिमैंट कर रहे हैं. बचपन से सीखी हैबिट उन्हें बड़े हो कर स्मार्ट, क्रिएटिव और रिस्पोंसिबल बनाती है. तो क्यों न बौयज भी सीखें खाना बनाना और खुद को कूल, इंडिपेंडेंट बनाएं.
2 mins
November 2025
Mukta
डिग्री नहीं जज्बा मायने रखता है
तमिलनाडु के अब्दुल अलीम की कहानी आज लाखों दिलों को छू रही है. कभी जोहो कंपनी में एक सुरक्षा गार्ड के रूप में नौकरी करने वाला यह युवक आज उसी कंपनी का एक सौफ्टवेयर इंजीनियर है और यह सफर सिर्फ सफलता की नहीं, बल्कि उम्मीद, लगन और आत्मविश्वास की मिसाल बन गया है.
2 mins
November 2025
Mukta
गांव हैं तो हम हैं
गांव- यह शब्द सुनते ही लोगों के मन में कई छवियां बनने लगती हैं.
1 mins
November 2025
Mukta
इन्फ्लुएंसर्स का कहर जेनजी हवाले है कैसे फूहड़ लोगों के हाथों में
पहले लेखक और विचारक होते थे, अब इन्फ्लुएंसर्स होते हैं जो जेनजी का पूरा समय ही नहीं ले रहे, बल्कि उन्हें गलत राह पर भटका भी रहे हैं.
2 mins
November 2025
Translate
Change font size
