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असावधानी से की हुई भलाई बुराई का रूप ले लेती है
Rishi Prasad Hindi
|September 2020
परिणाम में दुःख आये ऐसा काम बुद्धिमान नहीं करते ।
हकीकत में हम इतने महान हैं कि उसका वर्णन करने के लिए शारदाजी बैठें तो थक जायेंगी किंतु हमारी महानता पूरी नहीं होगी । हर मनुष्य इतना महान है। जैसे हर बीज में अनंत वृक्ष छुपे हैं ऐसे ही हर जीव में अनंत शिवत्व का सामर्थ्य छुपा है लेकिन अपनी अक्ल नहीं और शास्त्रों की मानते नहीं इसलिए दीन-हीन, लाचार होकर दुःख भोग रहे हैं।
Cette histoire est tirée de l'édition September 2020 de Rishi Prasad Hindi.
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