जपी और साइकिल
Champak - Hindi|October First 2020
जपी और साइकिल
पिछले कुछ दिनों से स्कूल की घंटी जैसे ही दिन खत्म होने की घोषणा करती, जंपी बंदर दौड़ता हुआ घर पर आता और अपना खाना खाता. 'डैड, मुझे भूख लगी है," वह कहता.
तपेश भौमिक

अकसर वह स्कूल से घर लौटते समय पूरे रास्ते अन्य बच्चों से लड़ताझगड़ता रहता था. घर आ कर सब बच्चे उस की शिकायत करते थे.

"जंपी ने मुझे मारापीटा और मेरे साथ झगड़ा किया,” उस के पापा अकसर सुनते थे.

उस के पापा घर से ही काम करते थे और उसे पढ़ाने की भी कोशिश करते थे. साथ ही उसे समझाते भी थे कि लड़ाईझगड़ा करना अच्छी बात नहीं है. उस का भाई मोंटी उसे धमकी देता था, लेकिन जंपी को तो दूसरों से लड़ना पसंद था.

जब मोंटी ने कालेज में दाखिला लिया तो उस ने कालेज आनेजाने के लिए एक साइकिल खरीदी. मोंटी ने जंपी को इस शर्त पर अपनी साइकिल चलाने को दी कि वह किसी से लड़ाईझगड़ा नहीं करेगा. इसलिए जंपी मोंटी के घर आने का इंतजार करता था. मोंटी के आते ही जंपी साइकिल ले कर गायब हो जाता.

साइकिल जंपी से ऊंची थी, लेकिन वह फिर भी उसे चलाता था. इधर कुछ दिन से जंपी बिना लड़ाईझगड़ा किए स्कूल से घर आ रहा था. उस के अच्छे व्यवहार को देखते हुए मोंटी ने उसे साइकिल चलाना भी सिखा दिया.

जंपी को अपने दोस्तों को अपनी साइकिल दिखाना काफी पसंद था. उस का कुत्ता जैकी उस के पीछेपीछे दौड़ता था. कालौनी के बच्चे जैकी से डरते थे, इसलिए जब वह साइकिल पर सवार हुआ तो उस के पीछे कोई नहीं आया.

अचानक एक दिन बीना भालू ने जंपी को साइकिल चला कर आते देखा तो उस की आंखें फटी की फटी रह गईं. जंपी ने एकदम उस के आगे आ कर ब्रैक मारा.

वाह भई, तुम ने तो कमाल कर दिया," कहते हुए बीना ने आगे बढ़ कर एक हाथ से साइकिल और दूसरे हाथ से जंपी को गले लगा लिया.

दोचार दिन इसी प्रकार जंपी स्कूल से लौट कर सीधे बीना के घर साइकिल चलाता हुआ आने लगा. दोनों साइकिल के बारे में ही काफी सारी बातें करने लगे. इन दिनों रात को वह साइकिल के सपने देखने लगा था. वह अपनी मां को इस बारे में बताता तो मां केवल मुसकरा देतीं और कहतीं, "जब तुम कालेज जाने लगोगे तो तुम्हें भी साइकिल दिलवाई जाएगी."

दोचार दिन बीते नहीं कि जंपी साइकिल के डंडे के दोनों ओर पैर रख कर सर्कस के जोकर की तरह खड़ाखड़ा पैडल मारने लगा था. चूंकि वह कद में छोटा था, इसलिए जब भी वह पैडल मारता तब ऐसा लगता कि वह साइकिल पर नाच रहा है. वह कुछ दिन में ही साइकिल चलाने में माहिर हो गया, लेकिन पैडल मारते समय उसे अभी भी काफी झुकना पड़ता था. बीना ने उसे शाबाशी दी तो जंपी फूल कर कुप्पा हो गया.

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