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गुरुकुल शिक्षा-पद्धति की आवश्यकता क्यों ?

गुरु की आज्ञा पालना यह बंधन नहीं है, सारे बंधनों से मुक्त करनेवाला उपहार है।

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March 2021

ऐसे ब्रह्मनिष्ठ महापुरुष की महिमा वर्णनातीत है !

आत्मा-परमात्मा का साक्षात्कार सभी बड़प्पनों की पराकाष्ठा है।

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March 2021

आप आत्मशिव को जगाओ

हे जीवात्मा! तुम चैतन्य हो, अमर हो । अपने को जानकर मुक्त हो जाना तुम्हारा कर्तव्य है ।

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February 2021

नारी का सम्मान व अपमान कब ?

बड़े-में-बड़ा पाप है शरीर को मैं मानना ।

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February 2021

विद्यार्थी संस्कार...तो जो भी काम तुम करोगे उसमें सफलता मिलेगी

जो व्यक्ति ईश्वर के रास्ते चलता है वह धैर्य न छोड़े तो पहुँच जायेगा।

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February 2021

विश्वमाता है श्रीमद्भगवद्गीता

जिसके चित्त में समता होती है, उसके जीवन की कीमत होती है।

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January 2021

यह है संसार की पोल !

संसारी चीज में कहीं भी प्रीति की, आसक्ति की तो फँसना है।

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January 2021

...तो ३३ करोड़ देवता भी हो जायें नतमस्तक!

जो सदा प्राप्त है वह कभी हमें छोड़ता नहीं और जो प्रतीत होता है वह सदा हमारे पास टिक नहीं सकता।

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January 2021

भाइयों ने मुख मोड़ा लेकिन भगवान का चिंतन न छोड़ा

सत्यस्वरूप परमात्मा को पाने की जिज्ञासा तीव्र हो गयी तो समझो आपके भाग्य में चार चाँद लग गये।

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January 2021

सेवा का रहस्य

अपनी वासना मिटाने के लिए जो करते हो वह सेवा है।

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January 2021

तुम भी बन सकते हो अपनी २१ पीढ़ियों के उद्धारक

प्राचीन काल की बात है। नर्मदा नदी जहाँ से निकलती है वहाँ अमरकंटक क्षेत्र में सोमशर्मा नामक एक ब्राह्मण रहता था। उसकी पत्नी का नाम था सुमना । सुमना के पुत्र का नाम था सुव्रत । सुव्रत जिस गुरुकुल में पढ़ता था वहाँ के कुछ शिक्षक, आचार्य ऐसे पवित्रात्मा थे कि वे उसे ऐहिक विद्या पढ़ाने के साथ योगविद्या और भगवान की भक्ति की बातें भी सुनाते थे।

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December 2020

तुम्हारे जीवन की संक्रांति का भी यही लक्ष्य होना चाहिए

जब तक सर्व दुःखों की निवृत्ति एवं परमानंद की प्राप्ति का लक्ष्य नहीं है तब तक राग-द्वेष की निवृत्ति नहीं होती।

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December 2020

तुलसी-पूजन से होती सुख-समृद्धि व आध्यात्मिक उन्नति

अच्छी बात जो ठान लें उसको पूरा करें और बुरी बात को निकालने की ठान लें, आपकी आत्मशक्ति बढ़ जायेगी।

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December 2020

बल एवं पुष्टि वर्धक तिल

सत्संग का अमृत पीने से व्यक्ति संयमी और योगी बनता है।

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December 2020

हर संबंध से बड़ा है गुरु-शिष्य का संबंध

जो सुख के दाता हैं उनका नाम है सद्गुरु'।

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December 2020

चंचल मन से कैसे पायें अचल पद ?

नित्य की स्मृति अगर नित्य रहे तो परमात्मप्राप्ति सुलभ हो जाती है।

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November 2020

मेरे गुरुदेव की महिमा अवर्णनीय है

अपने आत्मा-परमात्मा के साथ नाता जोड़ने की सहायता जो पुरुष देते हैं, वे चिरआदरणीय होते हैं।

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November 2020

ध्यान की जितनी प्रगाढ़ता उतना लाभ

बार-बार ध्यान-समाधि का सुख भोगने से व्यक्ति विकारों के सुख से ऊपर उठ जाता है।

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November 2020

ऐसा इंटरव्यू जो न कभी देखा न सुना

अपनी योग्यता विकसित करने के लिए अपने को तत्परता से कार्य करना चाहिए।

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November 2020

इस पर कभी आपने सोचा है ?

जो मरने के बाद भी साथ नहीं छोड़ता, थोड़ा समय अकेले रहकर उस (परमात्मा) के विषय में विचारें।

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November 2020

ॐकार का महत्त्व क्या और क्यों ?

जप करते-करते रजो-तमोगुण शांत हो जाता है और सात्त्विक सुख का द्वार खुलता है।

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October 2020

विद्यार्थी संस्कार - जिसे दुनिया ने ठुकराया उसे संत ने अपनाया

दुनिया में ऐसा कोई हितैषी नहीं जितने हमारे सद्गुरु हितैषी होते हैं।

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October 2020

जीवन बदलने का सामर्थ्य

जैसे बीज में वटवृक्ष छुपा है ऐसे ही आपके अंदर ब्रह्मांडीय ऊर्जा का बीज परमात्मा' छुपा है।

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October 2020

ब्रह्मवेत्ता संत ने क्यों किये ३ कुटियाओं को प्रणाम ?

जो रब की मस्ती में रहते हैं उनके सुमिरन-दर्शन से हम पवित्र होते हैं।

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September 2020

असावधानी से की हुई भलाई बुराई का रूप ले लेती है

परिणाम में दुःख आये ऐसा काम बुद्धिमान नहीं करते ।

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September 2020

ईमानदारी सत्यस्वरूप ईश्वर को संतुष्ट करती है

आज विद्यालय-महाविद्यालयों में ऐसी पढ़ाई होती है कि बस रटारटी करके प्रमाणपत्र लो और फिर नौकरी के लिए भटकते रहो। विद्यार्थियों की आत्मशक्ति, आत्मचेतना जागृत ही नहीं होती।

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September 2020

थोड़े समय में ध्यान का ज्यादा लाभ कैसे पायें ?

'ध्यान के लिए आवश्यक है अभ्यास' गतांक से आगे

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September 2020

शरद ऋतु में कैसे रहें स्वस्थ ?

बाहर से सुखी होने की इच्छा ही दुःख का मूल है।

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September 2020

ॐकार का महत्त्व क्या और क्यों ?

ॐकार-जप से सकारात्मक ऊर्जा के साथ-साथ भगवत्प्रीति, भगवत्प्रसादजा मति उत्पन्न होती है।

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September 2020

अपने प्यारे साधकों के लिए पूज्य बापूजी का संदेश

मौन वे ही रह पाते हैं, गहरे भी वे ही उतर पाते हैं जिनका लक्ष्य परमात्मा होता है।

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August 2020