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यशस्वी भारत - राष्ट्रीयता हो संवाद का आधार

जिस समाज में संवाद नहीं है, वह आदि समाज कैसे आगे बढ़ेगा। संवाद उत्पन्न होने के लिए गंतव्य की स्पष्टता चाहिए। मैं कौन हूँ, इसकी स्पष्टता चाहिए, मुझे कहाँ जाना है और मैं कौन हूँ, उसके संदर्भ में परिस्थितियों का कैसे हमें विचार करना है, इसकी स्पष्टता चाहिए।

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Samay Patrika
March 21

प्यार, परिवार और मर्डर

आपको पता है, दुनिया में ऐसी कौन-सी इमोशन है, जिसको क़बूल करना सबसे मुश्किल होता है? वह है जलन। लेकिन मेरे लिए यह मुश्किल नहीं। ये सच है कि मुझे उससे जलन होती थी। बचपन से ही उसने जैसी जिंदगी जी, जैसा प्यार उसे फैमली और बाद में सौरभ से मिला, जितनी आसानी से उसके लिए सबकुछ हुआमुझे इससे जलन होती थी। उसके अंदर एक एनटाइटलमेंट था, जैसे कि यह सब उसी का हक़ था। मुझे इससे घिन आती थी। मैं भीतर ही भीतर घुटती रहती थी। लेकिन आज वो सब ख़त्म होने वाला था।

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Samay Patrika
March 21

आरएसएस के सफ़र का एक ईमानदार दस्तावेज़

उस वक़्त मैं दिल्ली के राजेन्द्र प्रसाद मार्ग पर सांसद वाले बंगले में सुन्दर सिंह भंडारी के साथ बैठा चाय पी रहा था। खबरिया चैनलों पर ब्रेकिंग न्यूज़ चल रही थी, “सुन्दर सिंह भंडारी को राज्यपाल नियुक्त किया गया।” मैंने उनसे पूछा, “अब तो राजभवन जाने की तैयारी करनी पड़ेगी?”

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Samay Patrika
March 21

ख़ानज़ादा मेवाती अस्मिता और शौर्य का दस्तावेजी प्रमाण

चौदहवीं सदी के मध्य में तुगलक, सादात, लोदी और मुगल राजवंशों द्वारा दिल्ली और उसके आसपास जो तबाही मचाई, मेवातियों ने उसका जिस शौर्य के साथ ऐसी ताकतों का मुकाबला किया और भारी संख्या में बलिदान दिए। उन्हें इतिहास में वह स्थान नहीं दिया गया, तो दिया जाना चाहिए था। बल्कि उसे भुलाने की कोशिश की गयी

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March 21

यादों का एक खूबसूरत बस्ता

यादों का बस्ता बहुत यादों से भरा होता है। हर याद संजो कर नहीं रखी जा सकती, लेकिन कुछ ऐसी यादें होती हैं, जिन्हें भुलाये भुला नहीं जा सकता। अंजनी कुमार पाण्डेय ने संस्मरण लिखा है जिसमें उन्होंने खुद को, खुद से जुड़े लोगों को, इलाहाबाद के नुक्कड़-गलियों को, अपने संघर्ष को याद किया है। 'इलाहाबाद ब्लूज' एक ऐसी किताब है जिसमें अंजनी ने ईमानदारी से प्रतापगढ़ से, इलाहाबाद से, यूपीएससी के सफर को दर्ज किया है।

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March 21

मोदी, भाजपा और जीत की रणनीति

23 मई 2019 को जब आम चुनावों के परिणाम घोषित किये गये तो नरेन्द्र मोदी और भाजपा के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय लोकतान्त्रिक गठबंधन ने प्रचण्ड बहुमत के साथ सत्ता में पुनर्वापसी की थी। कुछ लोगों के लिए ये आश्चर्यचकित करने वाले परिणाम थे, जबकि कुछ लोगों की दृष्टि में भाजपा की यह जीत सरकार और उनकी नीतियों पर आम जनता की आस्था की मुहर का प्रतीक थी।

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February 2021

कोई निंदौ कोई बिंदौ

मीरां के जीवन और समाज पर एकाग्र पुस्तक पचरंग चोला पहर सखी री 2015 में आयी और अब 2020 में इसका प्रदीप त्रिखा द्वारा अनूदित अंग्रेजी संस्करण मीरां वर्सेस मीरां प्रकाशित हुआ है।

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Samay Patrika
February 2021

बोसकीयाना और गुलज़ार

मशहूर शायर और फिल्मकार गुलज़ार का घर। बेटी बोसकी के नाम पर अपना पाए 'बोसकीयाना' का मतलब गुलज़ार के अनगिनत चाहनेवालों के लिए उस मरकज़ की तरह है जिसकी ऊष्मा से वे हर पल अपने-आपको और अमीर बनाते रहते हैं। ये सब जिस शख्स से है, उसका अपना फ़लसफ़ा क्या है? उनसे ये बातें यहीं हुई हैं और जो बातें अगर यहाँ-वहाँ हुई हैं तो उनकी तस्दीक भी यहीं-कहीं हुई है।

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Samay Patrika
February 2021

सफलता पाने के आसान तरीके

जब आप टॉप करनेवाले मार्ग पर चल पड़ते हैं तो हमेशा के लिए आप इसी रास्ते को पसंद करेंगे.यह आपके आदत में आ जाएगा, फिर आपको यही रास्ता सबसे सरल दिखाई पड़ेगा, हो सकता है दूसरों को यह रास्ता बड़ा मुश्किल जान पड़े.

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Samay Patrika
February 2021

चुनौतियों के लिए तैयार रहना जरूरी है

बिज़नेस स्कूल उत्तीर्ण करने के बाद फ़िल नाइट ने अपने पिता से पचास डॉलर उधार लिए और एक साधारण उद्देश्य के साथ एक कंपनी की शुरुआत की. जापान से उच्च गुणवत्ता वाले, कम कीमत के रनिंग शूज़ आयात किये. नाइट ने अपने व्यापार के पहले वर्ष यानी 1963 में जूते बेचकर 8000 डॉलर कमाए. आज नाइकी की वार्षिक बिक्री 30 बिलियन डॉलर से अधिक है और उसकी पहचान उसके लोगो से कहीं बढ़कर है. लेकिन इस महान उपलब्धि से हटकर नाइट हमेशा एक रहस्य बने रहे.

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Samay Patrika
December 2020

दस क्लासिक्स - फिल्मों की निर्माण यात्रा की रोचक दास्तान

दस क्लासिक्स में उन प्रसंगों का विस्तार से वर्णन किया गया है जो दस महान हिंदी फ़िल्मों को बनाने के दौरान सामने आए। इस पुस्तक में उल्लेखित फ़िल्मों को भारतीय सिनेमा के इतिहास में मील का पत्थर माना जाता है

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Samay Patrika
December 2020

कैसे गुम हो गया भारतीय जंगलों का शहज़ादा कहलाने वाला चीता?

कबीर संजय की पुस्तक 'चीता' बेहद ख़ास दस्तावेज है। यह उन किताबों में शामिल की जा सकती है जिसे आप संजो कर रख सकते हैं। अपने बच्चों को पढ़कर सुना सकते हैं। उन्हें प्रकृति और जीवों से लगाव के लिए प्रेरित कर सकते हैं

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Samay Patrika
December 2020

रामविलास पासवान: संकल्प, साहस और संघर्ष

राम विलास पासवान की राजनीतिक यात्रा पर हिंदी में पहली बार विस्तार से लिखा गया है। वरिष्ठ पत्रकार प्रदीप श्रीवास्तव ने पासवान पर गहन शोध और अध्ययन के बाद उनकी जीवनी 'रामविलास पासवान : संकल्प, साहस और संघर्ष' लिखी है। पुस्तक को पेंगुइन बुक्स ने प्रकाशित किया है।

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Samay Patrika
November 2020

शेर की खाल वाला सामंत शूरवीर

जैसे इंग्लैंड में शेक्सपीयर हैं, इटली में दांते, रुस में पुश्किन; इसी तरह पोलैंड के पास अद्वितीय व बेजोड़ प्रतिम है —मित्स्किएविच। इसी तरह जॉर्जिया में जहां काव्यात्मक विरासत लगभग हज़ारों सालों से फैली हुई है, फिर भी प्रभावी रुप से इस देश के एकमात्र बेजोड़ कवि हैं -शोथा रुस्थावेली।

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November 2020

संस्कृत भाषा और अनुवाद की व्याख्या

संस्कृत नन-ट्रांसलेटेबल्स' अंग्रेज़ी भाषा के संस्कृतकरण और इसे शक्तिशाली संस्कृत शब्दों से समृद्ध करने का एक मार्गदर्शक और साहसिक प्रयास है।

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November 2020

फ़िल्मी दुनिया के किस्से और सुपरस्टार की मौत

फ़िल्मी दुनिया चकाचौंध से भरी है। हर मोड़ एक किस्सा है, एक कहानी है। हर मोड़ पर कुछ टूटता है, कुछ बिखरता है, कुछ जुड़ता है, कुछ संभलता है। फिल्मी दुनिया में ज़िन्दगी बहुत तेज़ी से दौड़ती है, तो कहीं हालात ऐसे भी बन जाते हैं कि एक पल भी हज़ारों साल जितना भारी लगता है।

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November 2020

कशीर

भारत के बुद्धिजीवियों में यह धारणा बनी हुई है कि भारत और पाकिस्तान के बीच की अनबन के लिए कश्मीर की समस्या ही मूल कारण बनी है।

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November 2020

फर्श से अर्श तक पहुँचने की प्रेरक कहानी

ओपरा विनफ्रे ने अपनी दुनिया ख़ुद बनाई है. उन्होंने महिला शक्ति को एक नई पहचान दी है. उनका सफ़र प्रेरणा से भरा है, जहाँ उन्हें सफलता के शिखर तक पहुँचने के लिए बहुत संघर्ष करना पड़ा

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November 2020

महान् बनने का विज्ञान

प्रत्येक व्यक्ति के अंदर शक्ति का एक सिद्धांत होता है। इस सिद्धांत के बुद्धिमत्तापूर्ण उपयोग एवं मार्गदर्शन के द्वारा मनुष्य स्वयं अपनी आंतरिक शक्ति का विकास कर सकता है। मनुष्य में एक अंतर्निहित शक्ति होती है, जिसकी सहायता से वह जिस दिशा में चाहे, प्रगति कर सकता है और उसकी प्रगति की संभावनाओं की कोई सीमा भी दिखाई नहीं देती। अभी तक कोई मनुष्य किसी एक क्षेत्र में इतना महान् नहीं बन पाया है कि किसी और के उससे अधिक महान् बनने की संभावना न हो। यह संभावना उस मूल तत्त्व में है, जिससे मनुष्य बना हुआ है। प्रतिभा वह सर्वज्ञता है, जो मनुष्य के अंदर प्रवाहित होती रहती है।

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Samay Patrika
October 2020

चित्रकार और शिल्पकार पिकासो

पिकासो को उनके चित्रों की रेखाएँ ही दर्शकों से संवाद स्थापित करती हैं, इसलिए उन्हें प्रसिद्धि और प्रतिष्ठा तो वास्तव में चित्रकार के रूप में मिली; क्योंकि उनकी पेंटिंग का हर कोना अपनी कहानी खुद कहता है

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Samay Patrika
October 2020

कोरोना से बचने के आध्यात्मिक सिद्धांत

कोरोना की जंग है बचना है, बचाना है तभी जीत हासिल होगी... कभी-कभी कोई ऐसी महामारी दुनिया में पैर पसार लेती है, जिससे लाखों लोगों की जान चली जाती है। इस पीढ़ी के लिए यह घटना अभूतपूर्व है।

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October 2020

कारगिल शहीदों की प्रेरक कहानियाँ

कारगिल किसी ऐसे युद्ध का लेखाजोखा मात्र नहीं है, जिसे भारतीयों ने अपनी बैठकों में टेलीविजन के जरिए देखा. यह हमें उस बलिदान, प्रेम और यादों की कहानियों से भी परे ले जाता है, जिन्हें शहीदों के परिवारवालों, दोस्तों और रेजीमेंट्स ने पिछले बीस वर्षों से जीवित रखा हुआ है.

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Samay Patrika
October 2020

दस क्लासिक हिंदी फ़िल्मों के निमणि की असाधारण यात्रा

भारतीय फ़िल्मों के इतिहास में क्लासिक हिंदी फ़िल्मों का स्थान बहुत महत्त्वपूर्ण है। इन फ़िल्मों को बने कई दशक बीत चुके हैं, पर आज भी उनका जादू क़ायम है या यूँ कहिए कि उनका महत्त्व और लोकप्रियता दिनों-दिन बढ़ती जा रही है।

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Samay Patrika
September 2020

बोलना ही है लोकतंत्र, संस्कृति और राष्ट्र के बारे में

मेरा बोलना और उसे साहस के फ्रेम में देखा जाना ये सब 2014 के बाद की परिस्थितियों की मेहरबानी है। 2014 के बाद राजनीति की हवा बदल गई। सरकार की आलोचना को देश की आलोचना बताया जाने लगा।

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September 2020

मुग़ल-ए-आज़म के पीछे की दिलचस्प कहानी

दास्तान-ए-मुग़ल-ए-आज़म

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Samay Patrika
September 2020

शिखंडी अंबा के प्रतिशोध की गाथा

काशी नरेश द्वारा आयोजित अपनी तीन बेटियों के स्वयंवर-स्थल में से उनका हरण करने पर उनकी सबसे बड़ी बेटी अंबा अपने हरणकर्ता भीष्म के विरुद्ध परशुराम से युद्ध का कारण बनी।

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Samay Patrika
September 2020

हम भारतीय कौन हैं? हम कहाँ से आए थे?

पत्रकार टोनी जोसेफ़ 65,000 वर्ष अतीत में जाते हैं, जब आधुनिक मानवों या होमो सेपियन्स के एक समूह ने सबसे पहले अफ्रीका से भारतीय उपमहाद्धीप तक का सफ़र तय किया था।

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Samay Patrika
August 2020

हाशिमपुरा 22 मई

आज़ाद भारत के सबसे बड़े हिरासती हत्याकांड का पर्दाफाश

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Samay Patrika
August 2020

सफलता वही है, जो आपके भीतर खुशी के इंडेक्स को बढ़ाए

निशांत जैन की प्रेरणादायक किताबें हर आयु वर्ग के बीच बेहद लोकप्रिय हैं। उनकी किताब 'रुक जाना नहीं' रिलीज़ होते ही बेस्टसेलर किताबों में शामिल हो गई और आज भी खूब बिक रही है। समय पत्रिका ने ख़ास बातचीत की लेखक निशांत जैन से.

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Samay Patrika
August 2020

महिलाओं के सशक्तिकरण से दुनिया बदलतीं मेलिंडा गेट्स

जब महिलाएं दुर्व्यवहार में फंस जाती हैं और अन्य स्त्रियों से अलग हो जाती हैं, हम हिंसा के खिलाफ खड़ी नहीं हो सकतीं, क्योंकि तब हमारे पास आवाज़ नहीं होती। लेकिन जब स्त्रियां एक-दूसरे के साथ इकट्ठा होती हैं, एक-दूसरे को शामिल करती हैं, अपनी कहानियों को एक-दूसरे को बताती हैं, अपने दुख को साझा करती हैं, हम अपनी आवाज़ को एक-दूसरे में पाती हैं। हम एक नई संस्कृति बनाती हैं - वह नहीं जो हम पर थोपी गई है, बल्कि वह जो हम अपनी आवाज़ और अपने मूल्यों के साथ बनाती हैं।

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Samay Patrika
August 2020

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