सन्तति सुख सुख की प्राप्ति में सहायक गर्भगौरी रुद्राक्ष!
Jyotish Sagar|August 2020
सन्तति सुख सुख की प्राप्ति में सहायक गर्भगौरी रुद्राक्ष!
सन्तति सुख पर विशेष

ज्योतिष में सन्तान सुख का विचार पंचम भाव से किया जाता है। विवाह के पश्चात् इस सुख को लेकर प्रत्येक युगल उत्साहित होता है, लेकिन सभी के भाग्य में सन्तान सुख समान नहीं होता। जन्मपत्रिका में जब सन्तान सुख से सम्बन्धित भाव अथवा भावेश को अशुभ और अकारक ग्रह प्रभावित करते हैं, तो सन्तान सुख में कई प्रकार की बाधाएँ आती हैं। कभी सन्तति नहीं होती, कभी सन्तान होने पर जीवित नहीं रहती, कभी सन्तान हो जाती है, लेकिन कुछ आयु प्राप्त होने पर उसकी अकाल मृत्यु हो जाती है, तो कभी मन्दबुद्धि अथवा शारीरिक रूप से विकलांग होती है। उक्त सभी सन्तान सुख में कमी से सम्बन्धित से फल हैं।

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