कोविड-19 के बाद बदलेगी इमारतों की प्लानिंग

Outlook Hindi|June 15, 2020

We're offering this story for free to read so that you can stay updated on the COVID-19 outbreak
कोविड-19 के बाद बदलेगी इमारतों की प्लानिंग
लोगों के रहन-सहन और काम की शैली के अनुरूप शहरों और इमारतों में बदलाव जरूरी
डॉ. राजेश शर्मा

दुनिया के अधिकांश क्षेत्रों में मार्च से सड़कों का ट्रैफिक, शॉपिंग मॉल और रेस्तरां में ग्राहकों, थिएटरों में दर्शकों की भीड़ और लाइनें गायब हो गई हैं। व्यापारिक और सामाजिक गतिविधियां थम गई हैं, स्कूल-कॉलेज बंद हो गए हैं। क्या यह युद्धकाल है? ऐसा तो नहीं है। कोई बम नहीं गिरा है, कोई बिल्डिंग नहीं गिरी है। कोई शहर बाढ़ में नष्ट नहीं हुआ है और न ही किसी जंगल में आग लगी है। इसके विपरीत आसमान साफ है, तारों को आसानी से देखा जा सकता है, प्रदूषण का स्तर घट गया है। नदियां साफ हो गई हैं। पक्षियों की चहचहाहट पहले से कहीं ज्यादा स्पष्ट है। दरअसल, कोविड-19 ने इंसान को एक झटके में रोक दिया है। आधुनिक युग ने शायद ही ऐसी किसी प्राकृतिक आपदा का सामना किया, जिसने पूरी दुनिया में जीवन को इस कदर रोक दिया हो और कम समय में पूरी दुनिया को हिलाकर रख दिया हो। यह एक 'साइलेंट अटैक' जैसा है। यह हमला कहां तक चलेगा, अभी पता नहीं है। लेकिन एक बात तय है कि अब हम पहले की तरह कभी नहीं रह पाएंगे। फिजिकल डिस्टेंसिंग और चेहरा ढंकने के लिए मास्क सबसे अहम बन गए हैं। ये सारे उपाय इसलिए किए जा रहे हैं ताकि वायरस का संक्रमण स्टेज-3 में जाने से रोका जा सके।

इतिहास गवाह है कि महामारियों ने शहरों में बहुत बदलाव किए। उदाहरण के लिए, 18वीं सदी में हैजा महामारी से लड़ने के लिए नए प्लंबिंग और सीवर सिस्टम का निर्माण हुआ और नए जोनिंग कानून लागू हुए। हमें भविष्य की महामारियों से लड़ने के लिए अपनी जीवन शैली बदलने के साथ ही शहरों और इमारतों को नया स्वरूप देना पड़ेगा। हमें अपने रहन-सहन और कार्य करने के तरीके बदलने पड़ेंगे। जिन इमारतों में हम रहते हैं और काम करते हैं, उन्हें भी नए तरीकों से ढालना होगा। अगले कुछ महीनों में शहरों के डिजाइन के बारे में सोचने के तरीके मौलिक रूप से बदल जाएंगे। वर्तमान महामारी संक्रमण रोकने और स्वस्थ रहने की ओर ध्यान खींच रही है। हमें ऐसे अहम बिंदुओं पर चर्चा करनी चाहिए, जो कोरोना के बाद लोगों के रहने और काम करने की जीवनशैली के अनुरूप शहरों और इमारतों में बदलावों के मूल आधार बनेंगे।

थर्मल स्क्रीनिंग और हैंड वाश

articleRead

You can read up to 3 premium stories before you subscribe to Magzter GOLD

Log in, if you are already a subscriber

GoldLogo

Get unlimited access to thousands of curated premium stories and 5,000+ magazines

READ THE ENTIRE ISSUE

June 15, 2020