Shikhar Varta - June 2015Add to Favorites

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Magazine Description

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मोदी सरकार का एक वर्ष प्रधानमंत्री का कार्यकाल पाँच बरस का है, अभी एक बरस ही मोदी की सत्ता का पूरा हुआ है यानी कुल कार्यकाल का 20 प्रतिशत। नीतियों, परियोजनाओं, विचाराधाराओं, घोषणाओं को हकीकत का रूप लेने में समय लगता है जो हमें नरेंद्र मोदी को देना चाहिए। उनके पास जादुई छड़ी तो है नहीं कि रातों-रात चमत्कार हो जाए। बंद दरवाजों में सत्ता की चौसर बिछाती मायावती उत्तरप्रदेश में भाजपा एवं सपा की रस्साकशी के बीच बसपा का भविष्य अब आने वाले 2017 के विधान सभा चुनाव के परिणाम पर निर्भर करता है। भ्रष्टाचार और अंहकार में आकण्ठ डूबी बहुजन समाज पार्टी 2012 में बुरी तरह धराशायी हो कर हाशिये पर चली गयी थी परंतु उसे फिर से मुख्य धारा में लाने की कवायद शुरूहो गयी है। जादू की छड़ी मोदी के पास भी नहीं आने वाले दिन होंगे अच्छे एक बरस पहले मोदी को देश की गड़बडिय़ों का त्वरित इलाज माना जाता था। आज वह उन्माद नहीं रहा यह तय है। ज़मीनी हकीकत यही है कि हमारे देश की 125 करोड़ जनता के सामने इतनी कठिनाईयाँ हैं कि अभी कई वर्षों तक कोई भी सरकार आए उससे संतुष्टि मिलना संभव नहीं है। सरकारों की दृष्टि से एक साल पर्याप्त नहीं होता। जनता परिवार का विलय से पहले विघटन भाजपा को रोकने के लिए जनता परिवार का कुनबा तमाम मतभेदों के बावजूद इकट्ठा हो गया है और इसकी औपचारिक घोषणा भी हो गई है। नवगठित पार्टी की पहली परीक्षा बिहार विधानसभा के चुनाव में होगी जो कुछ महीने बाद होने वाले हैं परंतु शिगूफों की बयार भी आरंभ से चलने लगी है। मुंबई इंडियंस के सिर सजा आईपीएल का ताज मुंबई की टीम शुरुआती छह में से मात्र एक मैच में ही जीत हासिल कर सकी थी और लगने लगा था कि इस टीम का टूर्नामेंट से बाहर होना तय है। लेकिन मुंबई इंडियंस टीम ने ज़बरदस्त वापसी करते हुए ईडेन गार्डन्स स्टेडियम में हुए फाइनल मुकाबले में दो बार की चैम्पियन चेन्नई सुपर किंग्स को 41 रनों से हराकर खिताब पर कब्ज़ा जमा लिया।

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